आरबीआई ने रेपो दर को बरकरार रखा है। यह कर्ज की गति बनाये रखने का संकेत है। साथ ही वास्तविक जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) वृद्धि दर 10.5 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है जो यह बताता है कि भारत में आर्थिक पुनरूद्धार बेहतर है।’’
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